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रोज 15 मिनट योग-प्राणायाम करें, 90% बीमारियों से पाएं छुटकारा | 6 आसान योगासन के फायदे

रोज 15 मिनट योग-प्राणायाम करें, 90% बीमारियों से पाएं छुटकारा | 6 आसान योगासन के फायदे

परिचय:-

क्या आप जानते हैं कि आपके शरीर की 90% से अधिक बीमारियों की असली जड़ मानसिक तनाव और नकारात्मक विचार हैं? जी हां, यह सच है! जब हमारा मन असंतुलित होता है, तो शरीर भी धीरे-धीरे रोगग्रस्त होने लगता है। पेट की चर्बी, पीठ दर्द, तनाव, अनिद्रा, ब्लड प्रेशर - ये सभी समस्याएं मानसिक अशांति से जुड़ी हैं।  लेकिन अच्छी खबर यह है कि सिर्फ 15 मिनट का नियमित योग और प्राणायाम आपकी जिंदगी बदल सकता है! आज हम आपको 6 ऐसे जादुई योगासन और प्राणायाम बताएंगे जो न केवल आपके शरीर को लचीला और मजबूत बनाते हैं, बल्कि मन को भी शांत और केंद्रित करते हैं।  इन आसनों को करना बेहद आसान है और ये घर पर भी किए जा सकते हैं। तो आइए जानते हैं कैसे आप सिर्फ 15 मिनट में अपने स्वास्थ्य को पूरी तरह बदल सकते हैं और बीमारियों से मुक्त जीवन जी सकते हैं!

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नियमित्त आसन करने से शरीर लधीला और सक्रिय रहता है। देखा जाए तो 90% से से अधिक बीमारियों की जड़ मानसिक तनाव और नकारात्मक विचार हैं। जब मन असंतुलित होता है. शरीर भी रोगग्रस्त हो जाता है। इसलिए दैनिक जीवन में योग का विशेष महत्त्व है।

1.भुजंगासन: पेट के बल लेटें, हथेलियां सीने के पास रखें। सांस भरते हुए सीना ऊपर उठाएं, गर्दन पीछे की ओर ले जाएं।

लाभः पीठ मजबूत होगी, रीढ़ का लचीलापन बढ़ेगा, बैली फैट घटेगा।


2.मकरासनः पेट के बल लेटें, हाथों को मोड़कर ठोड़ी उस पर टिकाएं, पैर थोड़े खुले रखें। कुछ देर इसी मुद्रा में बैठें। 

लाभः नियमित अभ्यास से तनाव कम होता है, पीठ दर्द में आराम मिलता, मन शांत होता है।


3.शलभासनः पेट के बल लेटें, हथेलियां सीने के पास रखें। सांस भरते हुए सीना ऊपर उठाएं, गर्दन पीछे की ओर ले जाएं और शरीर में खिंचाव दें।

लाभः पीठ, पेट, जांघों की मसल्स मजबूत होती हैं।


4.कपालभातिः सीधा बैठें, गहरी सांस लें 4 और नाक से जोर से सांस बाहर छोड़ें पेट को अंदर की ओर खींचें। शुरुआत में 5 मिनट करें, धीरे-धीरे समय बढ़ाएं।

लाभः फेफड़े मजबूत होते हैं, पाचन सुधरता है, मानसिक एकाग्रता बढ़ती है।


5.अनुलोम-विलोमः दाहिने नथुने को 5 बंद बंद कर बाएं बाएं से सांस अंदर लें, फिर बाएं को बंद कर दाहिने से बाहर छोड़ें। यही प्रक्रिया उलटकर दोहराएं।

लाभः नसों की शुद्धि, तनाव में कमी, ब्लड प्रेशर संतुलित होता है।


6.भ्रामरीः कान बंद करें, आंखें मूंद 0 लें। गहरी सांस लेकर 'भ्रमर' जैसी गूंजती आवाज करते हुए सांस बाहर + छोड़ें।

लाभः मानसिक शांति एवं नींद में सुधार, गुस्सा और तनाव कम करता है।


इन बातों का ध्यान रखें


प्रतिदिन सुबह खाली पेट 15 मिनट प्राणायाम और 15 मिनट योगासन करें।


बीमार व्यक्ति भी योग कर सकते हैं, परंतु डॉक्टर की सलाह के अनुसार।


व्यायाम के दौरान ध्यान


भटकाने वाली चीजों से बचें और केवल सांसों पर ध्यान केंद्रित करें।


अभ्यास के बाद 10 मिनट ध्यान करें। यह मानसिक शांति के लिए सबसे अच्छा साधन है।


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